G-12, G-14, Plot No-4 CSC, HAF Sector-10, Dwarka 110075 New Delhi IN
जे के पी लिटरेचर
G-12, G-14, Plot No-4 CSC, HAF Sector-10, Dwarka New Delhi, IN
+918588825815 https://www.jkpliterature.org.in/s/61949a48ba23e5af80a5cfdd/621dbb04d3485f1d5934ef35/logo-18-480x480.png" [email protected]
9789380661858 619c916af5c6de2a29b7db0e भगवन्नाम माहात्म्य - हिन्दी https://www.jkpliterature.org.in/s/61949a48ba23e5af80a5cfdd/61a6105d6a8c701da649a818/bhagwan-naam-mahatmya-hindi-.jpg

कल्याण के अनेक साधन हैं किन्तु

एहि कलि काल न साधन दूजा।
जोग न जप तप व्रत मख पूजा॥

कलियुग में केवल भगवन्नाम, गुणादि से ही काम बनेगा अन्य कोई साधन नहीं। दूसरी ओर वेद से लेकर रामायण तक हर ग्रन्थ ऐसा भी कहता है केवल भक्ति से ही भगवत्प्राप्ति होगी।

प्रस्तुत प्रवचन में इन दो विरोधी सिद्धान्तों का निराकरण करते हुए आचार्य श्री ने भगवन्नाम, गुण, लीलादि संकीर्तन का रहस्य बताया है।

Bhagavannam Mahatmya - Hindi
in stockINR 60
1 1
भगवन्नाम माहात्म्य - हिन्दी

भगवन्नाम माहात्म्य - हिन्दी

नाम जप करने वालों के लिए खुशखबरी!!!
भाषा - हिन्दी

₹60
₹70   (14%छूट)


SHARE PRODUCT
प्रकारविक्रेतामूल्यमात्रा

विवरण

कल्याण के अनेक साधन हैं किन्तु

एहि कलि काल न साधन दूजा।
जोग न जप तप व्रत मख पूजा॥

कलियुग में केवल भगवन्नाम, गुणादि से ही काम बनेगा अन्य कोई साधन नहीं। दूसरी ओर वेद से लेकर रामायण तक हर ग्रन्थ ऐसा भी कहता है केवल भक्ति से ही भगवत्प्राप्ति होगी।

प्रस्तुत प्रवचन में इन दो विरोधी सिद्धान्तों का निराकरण करते हुए आचार्य श्री ने भगवन्नाम, गुण, लीलादि संकीर्तन का रहस्य बताया है।

विशेष विवरण

भाषाहिन्दी
शैली / रचना-पद्धतिसिद्धांत
विषयवस्तुछोटी किताब, तत्वज्ञान
फॉर्मेटपेपरबैक
वर्गीकरणप्रवचन
लेखकजगद्गुरु श्री कृपालु जी महाराज
प्रकाशकराधा गोविंद समिति
पृष्ठों की संख्या36
वजन (ग्राम)47
आकार12.5 सेमी X 18 सेमी X 0.5 सेमी
आई.एस.बी.एन.9789380661858

पाठकों के रिव्यू

  0/5